रांची पुलिस ने सीमेंट कारोबारी पर हुए जानलेवा हमले की गुत्थी सुलझाते हुए बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने इस मामले में मुख्य शूटर चंदन कुमार को गिरफ्तार किया है। पूछताछ में सामने आया है कि कारोबारी की हत्या के लिए तीन लाख रुपये की सुपारी तय हुई थी, जिसमें से 50 हजार रुपये अग्रिम तौर पर दिए गए थे। यह वारदात 15 अक्टूबर को अंजाम दी गई थी। फिलहाल पुलिस पूरे मामले के मुख्य साजिशकर्ता की तलाश में जुटी है और इस हमले के पीछे जमीन विवाद की आशंका जताई जा रही है।
रांची: राजधानी के कटहल मोड़ स्थित शांभवी इंटरप्राइजेज के संचालक और प्रमुख सीमेंट-छड़ कारोबारी राधेश्याम साहू पर हुए जानलेवा हमले का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मामले की जांच के लिए गठित विशेष जांच दल (SIT) ने कार्रवाई करते हुए मुख्य शूटर चंदन कुमार को गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस को गुप्त सूचना मिली थी कि आरोपी चंदन कुमार धनबाद से अपने पैतृक गांव मुरकुंडा लौट रहा है। इसके बाद पुलिस ने जाल बिछाकर उसे रास्ते में ही धर दबोचा। पूछताछ के दौरान आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
तीन लाख रुपये में तय हुई थी सुपारी
पुलिस जांच में चौंकाने वाला खुलासा हुआ है कि राधेश्याम साहू की हत्या के लिए तीन लाख रुपये की सुपारी तय की गई थी। सौदे के तहत शूटरों को 50 हजार रुपये एडवांस में दिए गए थे। आरोपी चंदन ने बताया कि उसने अपने एक साथी के साथ मिलकर 15 अक्टूबर को कारोबारी पर फायरिंग की थी, जिसमें वे गंभीर रूप से घायल हो गए थे। स्थानीय लोगों की तत्परता और समय पर इलाज के चलते कारोबारी की जान बच सकी।
मास्टरमाइंड की तलाश जारी
पूछताछ के दौरान चंदन कुमार ने उस व्यक्ति का नाम भी बताया है, जिसने उसे सुपारी दी थी। हालांकि, जांच को प्रभावित होने से बचाने के लिए पुलिस ने फिलहाल मुख्य साजिशकर्ता की पहचान सार्वजनिक नहीं की है। पुलिस की टीमें मास्टरमाइंड और फरार साथी की गिरफ्तारी के लिए लगातार संभावित ठिकानों पर छापेमारी कर रही हैं।
जमीन विवाद से जुड़ सकते हैं तार
पुलिस का मानना है कि इस हमले के पीछे जमीन विवाद अहम वजह हो सकता है। जानकारी के मुताबिक, राधेश्याम साहू के बेटे सज्जन कुमार ने पहले ही नगड़ी थाना में जमीन कारोबारी पुरुषोत्तम, शशि शेखर समेत अन्य लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। पुलिस अब पुराने जमीन विवादों की कड़ियों को इस हमले से जोड़कर जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इस साजिश में शामिल सभी आरोपियों, चाहे वे पर्दे के पीछे हों या सीधे वारदात में शामिल, उन्हें जल्द ही कानून के दायरे में लाया जाएगा।
