झारखंड के Godda में गोड्डा कॉलेज के पीछे स्थित वन विभाग के डिपो में भीषण आग लगने से लाखों रुपये की कीमती लकड़ियां जलकर राख हो गईं। यह घटना 14 अप्रैल 2026 की बताई जा रही है, जिसमें सागवान और शिशम की लकड़ियां पूरी तरह नष्ट हो गईं।
गोड्डा में वन विभाग के डिपो में आग
Godda जिले में गोड्डा कॉलेज के पीछे स्थित वन विभाग के डिपो में भीषण आग लग गई। आग लगने से डिपो में रखी लाखों रुपये की इमारती लकड़ियां जलकर राख हो गईं।
आग इतनी तेज थी कि कुछ ही मिनटों में सागवान और शिशम की लकड़ियां इसकी चपेट में आ गईं।
दमकल विभाग की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं
घटना की सूचना मिलते ही दमकल विभाग की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाने का प्रयास शुरू किया। हालांकि आग की तीव्रता अधिक होने के कारण दमकल कर्मियों को इसे काबू में करने में काफी समय लग गया।
स्थानीय लोगों के अनुसार, आग तेजी से फैलती गई और देखते ही देखते पूरा डिपो इसकी चपेट में आ गया।
आग लगने के कारणों का पता नहीं
अब तक आग लगने के कारणों की स्पष्ट जानकारी सामने नहीं आई है। इस अग्निकांड में वन विभाग को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है।
घटना के बाद वन विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं।
भाजपा नेता का आरोप
भाजपा नेता सुभाष यादव ने इस घटना को लेकर वन विभाग पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि करोड़ों रुपये की लकड़ियों को खुले में रखना लापरवाही है।
उन्होंने यह भी कहा कि जिस तरह से डिपो में आग लगी है, वह सामान्य घटना नहीं लगती और मामले की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।
जांच की मांग
सुभाष यादव ने आरोप लगाया कि यदि पूरे मामले की जांच की जाए तो बड़े स्तर का घोटाला सामने आ सकता है। उन्होंने कहा कि यह लकड़ी सिर्फ वन विभाग की नहीं, बल्कि जनता की संपत्ति थी और इस घटना को गंभीरता से देखा जाना चाहिए।
