राजधानी रांची के मांडर में आयोजित होने वाले ऐतिहासिक राजी पड़हा राजकीय मुड़मा जतरा-2026 की तैयारियां जोरों पर हैं। इस भव्य आयोजन में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होने के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को आधिकारिक रूप से आमंत्रित किया गया है।
प्रतिनिधिमंडल ने सौंपा आमंत्रण पत्र
ऐतिहासिक राजी पड़हा जतरा समिति, मुड़मा के एक प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मुलाकात कर उन्हें कार्यक्रम का आमंत्रण पत्र सौंपा। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने मुख्यमंत्री को मुड़मा जतरा के ऐतिहासिक महत्व, इसकी सांस्कृतिक परंपराओं और आयोजन की तैयारियों के बारे में विस्तार से जानकारी दी। मुलाकात के समय सरना धर्मगुरु बंधन तिग्गा और केंद्रीय सरना समिति के अध्यक्ष नारायण उरांव विशेष रूप से मौजूद रहे।
आदिवासी संस्कृति का प्रतीक है मुड़मा जतरा
झारखंड में मुड़मा जतरा को आदिवासी समाज की समृद्ध संस्कृति, पारंपरिक रीति-रिवाजों और आपसी सामाजिक एकता का सबसे बड़ा प्रतीक माना जाता है। हर साल आयोजित होने वाले इस जतरा में झारखंड के विभिन्न जिलों के अलावा अन्य राज्यों से भी लाखों की संख्या में श्रद्धालु और प्रकृति प्रेमी शामिल होते हैं। यह आयोजन नई पीढ़ी को आदिवासी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने में अहम भूमिका निभाता है।
27 और 28 अक्टूबर को होगा आयोजन
इस वर्ष राजकीय मुड़मा जतरा का आयोजन 27 और 28 अक्टूबर को किया जाएगा। आयोजन समिति की ओर से कार्यक्रम को ऐतिहासिक और भव्य बनाने के लिए सभी तैयारियाँ लगभग पूरी कर ली गई हैं।
