कोलकाता: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की मतगणना से दो दिन पहले, राज्य की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी और तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव अभिषेक बनर्जी ने पार्टी के सभी गणना एजेंटों के साथ ऑनलाइन माध्यम से बैठक की। इस अहम बैठक का मुख्य उद्देश्य चुनाव परिणामों के दौरान अपनाई जाने वाली रणनीति और एजेंटों के कर्तव्यों पर चर्चा करना था।
बैठक की मुख्य बातें
- 291 विधानसभा क्षेत्रों के एजेंट शामिल: शाम चार बजे के लिए निर्धारित इस ऑनलाइन बैठक में उन 291 विधानसभा क्षेत्रों के मतगणना एजेंटों ने हिस्सा लिया, जहां टीएमसी ने अपने उम्मीदवार उतारे थे (अनित थापा नीत भारतीय गोरखा प्रजातांत्रिक मोर्चा ने दार्जिलिंग की तीन सीटों पर चुनाव लड़ा था)।
- मतगणना पूरी होने तक केंद्र न छोड़ने का निर्देश: पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने एजेंटों को निर्देश दिया कि वे तब तक मतगणना केंद्र न छोड़ें, जब तक पूरी प्रक्रिया समाप्त नहीं हो जाती और विजयी उम्मीदवारों को प्रमाण पत्र नहीं सौंप दिए जाते।
- असामान्य गतिविधियों पर अलर्ट: 2021 के नंदीग्राम चुनाव के दौरान हुई घटनाओं (जैसे बिजली कटौती) का हवाला देते हुए नेताओं ने कहा कि किसी भी असामान्य गतिविधि की सूचना तुरंत शीर्ष नेतृत्व को दी जाए और कोई भी कदम उठाने से पहले नेतृत्व के निर्देशों का इंतजार किया जाए।
सुरक्षा और प्रोटोकॉल पर जोर
बैठक में ईवीएम को ‘स्ट्रांगरूम’ से बाहर निकालने के बाद सील खोलने और मतगणना प्रक्रिया के विभिन्न चरणों पर विस्तृत चर्चा की गई। पार्टी ने एजेंटों को यह भी याद दिलाया कि इस बार निर्वाचन आयोग ने सुरक्षा के लिहाज से क्यूआर कोड की नई व्यवस्था लागू की है, इसलिए एजेंटों को मोबाइल फोन के इस्तेमाल में पूरी सतर्कता और दक्षता बरतनी होगी।
