दानवीर भामाशाह की जयंती सोमवार को गिरिडीह जिले के जमुआ स्थित मिर्जागंज में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। इस भव्य समारोह में साहू समाज के सैकड़ों लोगों की उपस्थिति रही। कार्यक्रम की शुरुआत दानवीर भामाशाह के चित्र पर माल्यार्पण और उन्हें नमन करने के साथ हुई।
सांसद ने भामाशाह को बताया मार्गदर्शक मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए धनबाद लोकसभा क्षेत्र के सांसद ढुल्लू महतो ने अपने संबोधन में भामाशाह को समाज का सच्चा मार्गदर्शक और आदर्श बताया। उन्होंने कहा कि भामाशाह का जीवन निस्वार्थ सेवा और त्याग का प्रतीक है। उन्होंने जातिगत बंधनों से ऊपर उठकर सादगी और जरूरतमंदों की मदद करने की सीख दी, जो आज भी प्रासंगिक है।
युवाओं को शिक्षा पर ध्यान देने का संदेश समारोह में विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद प्रख्यात स्टील उद्योगपति और समाजसेवी मोहन साहू ने कहा कि भामाशाह के जीवन दर्शन को अपनाना समय की मांग है। उन्होंने साहू समाज के युवाओं का आह्वान किया कि वे शिक्षा और सामाजिक जागरूकता को प्राथमिकता दें। उनके अनुसार, समाज के उत्थान का मार्ग शिक्षा से होकर ही गुजरता है।
दिग्गजों की रही मौजूदगी इस जयंती समारोह में कई गणमान्य व्यक्तियों ने शिरकत की, जिनमें पूर्व मंत्री योगेंद्र प्रसाद और कोडरमा की जेएमएम नेत्री शालिनी गुप्ता प्रमुख रूप से शामिल रहीं। कार्यक्रम के दौरान आयोजकों की ओर से अतिथियों को मिर्जागंज के प्रसिद्ध जलीय सूर्य मंदिर की तस्वीर स्मृति चिह्न के रूप में भेंट की गई।
इस सफल आयोजन में धर्मप्रकाश साहू और बालगोविंद साहू की विशेष भूमिका रही। कार्यक्रम के माध्यम से समाज को एकजुटता और भामाशाह के आदर्शों पर चलने का संकल्प दिलाया गया।
