बाढ़ (बिहार): बिहार के बाढ़ अनुमंडल से मानवता को शर्मसार करने वाली एक घटना सामने आई है। भदौर थाना क्षेत्र के लालपुर गांव में डायन-बिसाही के शक में एक ही परिवार के तीन सदस्यों पर पड़ोसियों ने जानलेवा हमला कर दिया। लाठी-डंडों और ईंट-पत्थरों से हुई इस बर्बरतापूर्ण पिटाई के बाद आरोपी परिवार को मृत समझकर मौके से फरार हो गए।
बच्ची की बीमारी का दोष पड़ोसन पर मढ़ा
मिली जानकारी के अनुसार, यह विवाद 6 मई की शाम को शुरू हुआ।
- अंधविश्वास का खेल: पड़ोस में एक बच्ची की तबीयत बिगड़ गई थी। परिजनों ने बच्ची को डॉक्टर के पास ले जाने के बजाय झाड़-फूंक का सहारा लिया।
- लगाया संगीन आरोप: झाड़-फूंक के चक्कर में पड़ोसियों ने मंजू देवी पर ‘डायन’ होने का आरोप जड़ दिया। उन्होंने दावा किया कि मंजू ने ही बच्ची पर भूत-प्रेत का साया डाला है और वह उसे मारना चाहती है।
पूरे परिवार पर टूटा कहर
आरोप लगाने के बाद पड़ोस के कई लोग इकट्ठा होकर मंजू देवी के घर में घुस गए। उन्होंने न केवल मंजू देवी, बल्कि उनके पति और बेटे को भी बेरहमी से पीटना शुरू कर दिया।
- बर्बरता: पीड़ित परिवार को तब तक पीटा गया जब तक वे बेहोश नहीं हो गए। हमलावरों को लगा कि तीनों की मौत हो चुकी है, जिसके बाद वे वहां से भाग निकले।
- अस्पताल में भर्ती: किसी तरह होश आने पर पीड़ित परिवार बाढ़ अस्पताल पहुँचा, जहाँ फिलहाल उनका इलाज चल रहा है।
“अक्सर किया जाता है प्रताड़ित”
पीड़िता मंजू देवी ने भदौर थाने में पड़ोसियों के खिलाफ लिखित शिकायत दर्ज कराई है। मंजू देवी का आरोप है कि यह कोई पहली घटना नहीं है; पड़ोसी अक्सर उन पर इस तरह के झूठे आरोप लगाकर मानसिक और शारीरिक रूप से प्रताड़ित करते रहते हैं।
