पटना: राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के 30वें स्थापना दिवस के मौके पर नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव ने पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए बड़ा बयान दिया है। तेजस्वी यादव ने दो टूक कहा कि राजद ने सत्ता और कुर्सी की खातिर कभी भी अपनी नीति, नियत और सिद्धांतों से कोई समझौता नहीं किया है। उन्होंने साफ किया कि पार्टी सामाजिक न्याय और धर्मनिरपेक्षता की लड़ाई को लगातार जारी रखेगी।
पार्टी के गौरवशाली 30वें वर्ष में प्रवेश करने पर कार्यकर्ताओं के साथ संवाद करते हुए तेजस्वी ने कहा कि पिछले 29 वर्षों से जनता का जो अपार सहयोग, अखंड विश्वास और अटूट प्रेम मिला है, उसके लिए पूरी पार्टी आभारी है। उन्होंने राजद की मजबूती का श्रेय कार्यकर्ताओं की कड़ी मेहनत और जनता के भरोसे को दिया।
विचारधारा और संघर्ष पर दिया जोर
तेजस्वी यादव ने अपने संबोधन में पार्टी की वैचारिक जड़ों को रेखांकित करते हुए कहा:
- राजद बाबा साहेब अंबेडकर, महात्मा गांधी, राम मनोहर लोहिया, जननायक कर्पूरी ठाकुर और लालू प्रसाद यादव के समाजवादी विचारों पर आगे बढ़ रही है।
- 5 जुलाई 1997 को पार्टी की स्थापना से लेकर अब तक राजद ने उतार-चढ़ाव और संघर्षों का एक लंबा दौर देखा है, लेकिन कभी अपने पथ से नहीं डिगी।
कार्यकर्ताओं की तारीफ: आप राष्ट्रीय जनता दल की आत्मा और असली ताकत हैं। राजद के कार्यकर्ताओं जैसा समर्पण और समाजवाद के प्रति अटूट आस्था पूरे देश में कहीं और देखने को नहीं मिलती। हमें गर्व है कि हमने हर बाधा का डटकर सामना किया है।
