अदालतों और FIR में नहीं लिखे जाएंगे ‘रखैल’ और ‘चरित्रहीन’ जैसे शब्द, हाई कोर्ट ने जारी की जेंडर सेंसिटिविटी गाइडलाइन
प्रयागराज: न्याय प्रक्रिया को अधिक गरिमापूर्ण, संवेदनशील और पीड़ित-केंद्रित बनाने के उद्देश्य से सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के तहत हाई कोर्ट ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। अब राज्य की अदालतों के फैसलों, कार्यशैली और पुलिस की एफआईआर (FIR) ड्राफ्टिंग में रूढ़िवादी व अपमानजनक शब्दों के इस्तेमाल पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई…
