लातेहार: जिले के महुआडांड प्रखंड क्षेत्र में सड़क सुरक्षा को पुख्ता करने और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से स्थानीय पुलिस ने शनिवार को एक विशेष और सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया। यह अभियान शनिवार शाम करीब 4 बजे, महुआडांड-मेदिनीनगर मुख्य पथ पर स्थित आईआरबी (IRB) कैंप के पास चलाया गया, जिसका नेतृत्व महुआडांड थाना प्रभारी अमित कुमार रविदास ने स्वयं किया।
पुलिस की इस अचानक और कड़ी कार्रवाई से सड़क पर वाहन चालकों के बीच हड़कंप मच गया। अभियान के दौरान, पुलिस टीम ने दोपहिया और चार पहिया वाहनों को रोककर उनकी गहन जांच की। इस दौरान मुख्य रूप से निम्नलिखित बिंदुओं पर ध्यान केंद्रित किया गया:
- वाहन के कागजात: आरसी (Registration Certificate), ड्राइविंग लाइसेंस, बीमा (Insurance) और प्रदूषण प्रमाण पत्र की वैधता की जांच की गई।
- यातायात नियम: हेलमेट पहनने, सीटबेल्ट लगाने और ट्रिपल राइडिंग (दोपहिया पर तीन लोग) जैसी नियमों की अनदेखी करने वालों पर कड़ी नजर रखी गई।
- नशे में ड्राइविंग: संदिग्ध चालकों की ब्रेथ एनालाइजर से जांच की गई ताकि शराब पीकर गाड़ी चलाने वालों पर अंकुश लगाया जा सके।
चेकिंग के दौरान, पुलिस अधिकारियों ने न केवल नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की, बल्कि वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा के प्रति जागरूक भी किया। थाना प्रभारी अमित कुमार रविदास ने चालकों से अपील की कि वे हमेशा हेलमेट और सीटबेल्ट का प्रयोग करें, गति सीमा का पालन करें और शराब पीकर वाहन न चलाएं। उन्होंने जोर देकर कहा कि “सड़क सुरक्षा सिर्फ पुलिस की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि हर नागरिक का कर्तव्य है। नियमों का पालन करके हम न केवल अपनी जान बचाते हैं, बल्कि दूसरों के लिए भी सड़क को सुरक्षित बनाते हैं।”
स्थानीय लोगों ने पुलिस के इस अभियान की सराहना की है। उनका मानना है कि इस तरह की नियमित चेकिंग से सड़क दुर्घटनाओं में कमी आएगी और लोग यातायात नियमों के प्रति अधिक सतर्क होंगे। महुआडांड पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सड़क सुरक्षा को लेकर ऐसे अभियान भविष्य में भी जारी रहेंगे और नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस अभियान की मुख्य बातें:
- स्थान: आईआरबी कैंप, महुआडांड (लातेहार)।
- समय: शनिवार शाम, लगभग 4 बजे।
- नेतृत्व: महुआडांड थाना प्रभारी अमित कुमार रविदास।
- उद्देश्य: सड़क सुरक्षा बढ़ाना और यातायात नियमों का पालन सुनिश्चित कराना।
- कार्रवाई: कागजात की जांच, हेलमेट/सीटबेल्ट की चेकिंग, और चालकों को जागरूकता।
